ब्रिटेन की इंजीनियरिंग कंपनी JCB ने हाइड्रोजन से चलने वाली अपनी खास कार Hydromax के साथ जमीन पर नया विश्व रिकॉर्ड बना दिया है। कार ने 653.909 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार हासिल की।
हाइड्रोजन कार ने पकड़ी 653.9 KM की रफ्तार
ब्रिटेन की मशहूर इंजीनियरिंग कंपनी JCB की हाइड्रोजन से चलने वाली कार Hydromax ने अमेरिका के यूटा में नया विश्व रिकॉर्ड बनाया है। बोनविल साल्ट फ्लैट्स में हुई इस कोशिश के दौरान कार ने 406.320 मील प्रति घंटे, यानी 653.909 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार हासिल की।
यह रफ्तार इतनी ज्यादा है कि दुनिया के ज्यादातर देशों में सड़क पर तय अधिकतम गति सीमा से यह करीब पांच से छह गुना ज्यादा है।
32 फीट लंबी कार में 1,600 हॉर्सपावर
JCB Hydromax करीब 32 फीट लंबी है। इसमें कंपनी के बनाए दो हाइड्रोजन आंतरिक दहन इंजन लगाए गए हैं।
दोनों इंजन मिलकर करीब 1,600 हॉर्सपावर की ताकत पैदा करते हैं। इसी ताकत ने कार को बोनविल के लंबे और सपाट मैदान पर रिकॉर्ड रफ्तार तक पहुंचाया।

एंडी ग्रीन ने चलाई रिकॉर्ड बनाने वाली कार
इस कार को ब्रिटेन के पूर्व रॉयल एयर फोर्स विंग कमांडर एंडी ग्रीन ने चलाया। ग्रीन के नाम जमीन पर रफ्तार का सबसे बड़ा रिकॉर्ड भी दर्ज है।
साल 1997 में उन्होंने ThrustSSC कार चलाकर 763.035 मील प्रति घंटे, यानी करीब 1,228 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार हासिल की थी। वह जमीन पर आवाज की रफ्तार पार करने वाले दुनिया के पहले और अब तक अकेले व्यक्ति हैं।
20 साल बाद उसी जगह फिर बनाया रिकॉर्ड
इस रिकॉर्ड की कहानी में एक खास कड़ी 20 साल पुरानी भी है। एंडी ग्रीन ने साल 2006 में इसी बोनविल साल्ट फ्लैट्स में JCB की Dieselmax कार चलाकर डीजल से जमीन पर रफ्तार का रिकॉर्ड बनाया था।
Dieselmax ने उस समय 350.092 मील प्रति घंटे की रफ्तार हासिल की थी। JCB के मुताबिक यह रिकॉर्ड आज भी कायम है।
इस बार डीजल नहीं, हाइड्रोजन की ताकत
Hydromax की सबसे खास बात इसकी रफ्तार के साथ-साथ इसका ईंधन है। यह कार हाइड्रोजन से चलती है।
हाइड्रोजन इंजन में ईंधन के रूप में हाइड्रोजन का इस्तेमाल किया जाता है और इस प्रक्रिया में निकास से मुख्य रूप से पानी निकलता है। यही वजह है कि JCB भारी वाहनों और मशीनों के लिए हाइड्रोजन को भविष्य की एक अहम तकनीक के रूप में देख रही है।

JCB ने हाइड्रोजन तकनीक में लगाया बड़ा दांव
JCB ने हाइड्रोजन दहन तकनीक में करीब 10 करोड़ पाउंड का निवेश किया है।
कंपनी का मानना है कि छोटी मशीनों के लिए बैटरी तकनीक उपयोगी हो सकती है, लेकिन बड़े खुदाई करने वाले वाहनों, लोडर और कृषि मशीनों को लंबे समय तक ज्यादा ताकत के साथ काम करना पड़ता है।
ऐसे में उन्हें बार-बार चार्ज करने के बजाय तेजी से ईंधन भरने वाली तकनीक ज्यादा उपयोगी हो सकती है।
दूर-दराज के इलाकों के लिए भी अहम तकनीक
बड़ी निर्माण और कृषि मशीनें अक्सर ऐसी जगहों पर काम करती हैं जहां चार्जिंग की सुविधा आसानी से उपलब्ध नहीं होती। यही वजह है कि हाइड्रोजन इंजन को भारी मशीनों के लिए एक संभावित विकल्प माना जा रहा है।
Hydromax का रिकॉर्ड इसी तकनीक को दुनिया के सामने दिखाने का एक बड़ा तरीका भी बना है।
रिकॉर्ड के बाद जश्न की तैयारी
रिकॉर्ड बनाने के बाद टीम ने बोनविल के पास एक स्थानीय बार में इस उपलब्धि का जश्न मनाने की तैयारी की।
Hydromax की यह दौड़ सिर्फ एक तेज कार की कहानी नहीं है। यह रफ्तार के साथ ऐसी तकनीक की तस्वीर भी दिखाती है, जिसमें भविष्य की भारी मशीनों को हाइड्रोजन से चलाने की कोशिश की जा रही है।

