
नई दिल्ली: दिल्ली AIIMS परिसर में 25 अगस्त 2024 को जूनियर ‘ओपन ताइक्वांडो चैंपियनशिप-2024’ का आयोजन हुआ, रविवार को ये प्रतियोगिता पहली बार आयोजित किया गया जिसमें देशभर के ताइक्वांडो खिलाड़ी बच्चों ने हिस्सा लिया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। 1st वॉरियर्स कप, ओपन ताइक्वंडो चैंपियनशिप का मुख्य उद्देश्य खेल भावना के साथ आत्म सुरक्षा को बढ़ावा देना था। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि रूपम मदान ( मेडिकल सुपरिटेंडेंट, एम्स, दिल्ली) समेत विशिष्ठ अतिथि जितेंद्र मनी, डीसीपी, दिल्ली पुलिस और अजय सिंह, असिस्टेंट कमिश्नर ऑफ पुलिस समेत कई अधिकारी शामिल हुए।
इस आयोजन में छोटे बच्चों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जहां नन्हीं बच्चियों ने आत्मरक्षा के शानदार कौशल का प्रदर्शन किया. इस प्रतियोगिता का उद्देश्य खेल भावना के साथ आत्मरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना था, ताकि किसी विषम परिस्थिति में लोग स्वयं का बचाव करने में सक्षम हों।
देश में आज बच्चों से लेकर युवा खेल और खेल के मैदान से दूर होते जा रहे हैं, और मोबाइल पर घंटों वक्त बिता रहे हैं। जिसकी वजह से ना सिर्फ शारीरिक रूप से वो बीमार हो रहे हैं बल्कि मानसिक बीमारियां भी हमारे देश के सुनहरे भविष्य को अपना शिकार बना रही है। आज हर एक परिवार को प्रण लेना होगा कि हमें अपने बच्चों को किसी ना किसी खेल से जोड़ना है। और आज जिस बेहद खास प्रतियोगिता में हम सब शामिल हैं ये सिर्फ खेल नहीं बल्कि आत्मरक्षा की कला भी सिखाती है। खासकर लड़कियों को ताइकवांडों जैसे खेल से जरूर जुड़ना चाहिए ताकि वो अपनी रक्षा खुद कर सकें।
आज स्वस्थ समाज के निर्माण की जो बुनियाद हमारे बेहद प्रिय सहयोगी और समाजसेवी संतदेव चौहान ने रखी है, इसको हम निरंतर आगे बढ़ाएंगे और हर संभव इस प्रतोगिता का आयोजन साल दर साल करेंगे।
इस कार्यक्रम को दिव्यांग फेडरेशन एम्स के अध्यक्ष एवं सामाजिक कार्यकर्ता संतदेव चौहान ने किया। उन्होंने कहा कि हम सभी के लिए खुशी और गर्व का विषय है कि AIIMS कैंपस में पहली बार ‘ओपन ताइक्वांडो चैंपियनशिप का आयोजन हो रहा है। मैं आज उस मंच का हिस्सा हूं, जो ना सिर्फ खेल बल्कि आत्मरक्षा की भावनाओं को बढ़ावा देता है। ये चैंपियनशिप सिर्फ एक प्रतियोगिता नहीं बल्कि उस अभियान का हिस्सा है जो हमारे देश के भविष्य को सुरक्षित, स्वस्थ और हर मुश्किलों का सामना करने में सामर्थ्य बनाएगा।

